railway exibition: चर्चगेट पर छुक-छुक रेलगाड़ी

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मुम्बई। पश्चिमी रेलवे की ओर से सोमवार चर्चगेट के सामने रेलवे प्रदर्शनी(railway exibition) लगाई है। इस रेलवे प्रदर्शनी में लोगों को रेलवे के इतिहास के बारे में जानकारी मिल सकेगी। यह रेलवे प्रदर्शनी सुबह 10से शाम 5 बजे तक जारी रहेगी। वेस्टर्न रेलवे के चर्चगेट स्टेशन के सामने हैडवार्टर के ग्राउण्ड फ्लोर पर रेलवे प्रदर्शनी (railway exibition) लगाई गई है। वेस्टर्न रेलवे के हेडक्वॉर्टर को यूनेस्को ने वल्र्ड हेरिटेज साइट घोषित रखा है। इस रेलवे के पुराने औजार, पुरानी मशीनें, पुरानी घड़ियां समेत अनेक पुराने माॅडल देखने को मिलेंगे। इससे रेलवे के गौरवशाली इतिहास से लोगों को रूबरू होने का मौका मिलेगा। इस रेलवे प्रदर्शनी (railway exibition) में कई पुराने नक्शे भी देखने को मिलेंगे जिससे यह पता लगाया जा सकेगाा कि किस प्रकार रेलवे का विकास हुआ। साथ ही वो ताम्बें-पीतल की घंटियां और इंजन की सीटियां भी देखने को मिलेगी। इनका उपयोग कर रेले कर्मचारी रेलगाड़ियों का संचालन करते थे।

माॅडल ट्रेन

बच्चों के मनोरंजन के लिए यहां रेलवे ट्रेक बिछाया गया है और इसपर छुकछुक करती रेलगाड़ी दौड़ती नजर आती है। चिंता की कोई बात नहीं यहएक माॅडल है। बड़े से स्थान पर बड़ी सी मेज पर बाकायदा रेलवे पटरियां, उस पर सिग्नल, कैबिन, स्टेशन आदि बनाए गए हैं। येसभी माॅडल रूप में हैं। बच्चे इसे सबसे ज्यादा पसंद कर रहे हैं। वेस्टर्न रेलवे के हेडक्वॉर्टर में इस हैरिटेज गैलरी को देखते के लिए मुंबई के कई कॉलेजों व स्कूलों के बच्चे पहुंच रहे हैं. वहीं आम लोग भी अपने परिवार के साथ यहां रखी ऐतिहासिक चीजों को देखने आ रहे हैं

railway exibition का उद्देश्य

इस रेल प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य लोगों को रेलवे की पुरातन विरासत से परिचित करवाना है। इस प्रदर्शनी के माध्यम से लोगों का रेलवे के प्रति जुड़ाव बढ़ेगाा। साथ ही रेलवे की पुरानी और नवीनतम कार्यप्रणाली से लोगों को जानकारी मिलेगी। गुजरे जमाने में सिग्नलिंग प्रणाली, सूचना सम्प्रेषण और अन्य रेल संचालन के बारे में लोग जान सकेंगे। इस रेल प्रदर्शनी का मुख्य उद्देश्य लोगों को रेलवे की पुरातन विरासत से परिचित करवाना है। इस प्रदर्शनी के माध्यम से लोगों का रेलवे के प्रति जुड़ाव बढ़ेगाा। साथ ही रेलवे की पुरानी और नवीनतम कार्यप्रणाली से लोगों को जानकारी मिलेगी। गुजरे जमाने में सिग्नलिंग प्रणाली, सूचना सम्प्रेषण और अन्य रेल संचालन के बारे में लोग जान सकेंगे।

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